गोपालगंज में बेरहमी से 8 वर्षीय बालक की हत्या, गर्दन पर चाकू के कई वार, 7 साल की मन्नत के बाद हुआ था जन्म
गोपालगंज के उचकागांव थाना क्षेत्र के महैचा गांव में आठ वर्षीय छात्र अंकित कुमार की चाकू से गोदकर हत्या कर ...और पढ़ें

थानाध्यक्ष से बात करते हथुआ विधायक।
HighLights
आठ वर्षीय छात्र अंकित कुमार की चाकू से गोदकर हत्या।
शव दाहा नदी किनारे पानी लगे खेत से बरामद हुआ।
पूर्व मंत्री ने आरोपितों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की।
संवाद सूत्र, उचकागांव (गोपालगंज)। उचकागांव थाना क्षेत्र के महैचा गांव के वार्ड नंबर 11 में आठ वर्षीय छात्र अंकित कुमार की चाकू से गोदकर हत्या कर दी गई।
बुधवार की सुबह उसका शव गांव से होकर गुजरने वाली दाहा नदी के किनारे कब्रिस्तान के पास पानी लगे एक परती खेत से बरामद किया गया।
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया। घटना के बाद क्षेत्र में सनसनी फैल गई।
दूसरी कक्षा का छात्र था अंकित
अंकित कुमार महैचा गांव के वार्ड नंबर 11 निवासी मोहर साह और सुमित्रा देवी का इकलौता बेटा था। वह कक्षा दो में पढ़ता था।
मंगलवार को गांव से निकले महावीरी अखाड़ा जुलूस को देखने के लिए वह घर से निकला था। इसके बाद वह वापस नहीं लौटा। स्वजन ने उसकी काफी तलाश की, लेकिन उसका कोई पता नहीं चला।

बुधवार की सुबह ग्रामीणों को दाहा नदी के किनारे कब्रिस्तान के पास पानी लगे परती खेत में उसका शव मिला। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई।
सूचना पर थानाध्यक्ष आशुतोष कुमार झा और अपर थानाध्यक्ष टिंकू कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल की जांच शुरू की। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया।
गले पर चाकू के कई वार, जलकुंभी और ईंट से दबाया था शव
ग्रामीणों के अनुसार, अंकित के गले पर चाकू से कई वार किए गए थे। इसके बाद उसके शव को दाहा नदी से करीब 300 मीटर दूर एक किसान के पानी लगे परती खेत में जलकुंभी और ईंट से दबाकर छिपा दिया गया था।
हालांकि, हत्या के कारणों और घटना में शामिल आरोपितों के संबंध में पुलिस की ओर से अभी कोई आधिकारिक जानकारी नहीं दी गई है।
सात साल बाद हुआ था अंकित का जन्म
ग्रामीणों के अनुसार, मोहर साह और सुमित्रा देवी की शादी के करीब सात साल बाद काफी मन्नतों के बाद अंकित का जन्म हुआ था। उसके बाद उनकी दो बेटियां भी हुईं।
अंकित परिवार का इकलौता बेटा था। बच्चों की बेहतर परवरिश के लिए उसके पिता विदेश में रहकर मजदूरी करते हैं, जबकि मां घर पर रहकर बच्चों की देखभाल करती हैं।
बेटे की हत्या की खबर मिलने के बाद सुमित्रा देवी का रो-रोकर बुरा हाल है। पिता भी विदेश से घर लौटने के लिए रवाना हो चुके हैं।
वहीं, दोनों छोटी बहनें इस घटना से अनजान हैं कि उनका इकलौता भाई अब इस दुनिया में नहीं रहा। स्वजन को ढांढस बंधाने के लिए आसपास के लोग जुटे हुए हैं।
पूर्व मंत्री ने की आरोपितों पर कड़ी कार्रवाई की मांग
घटना की जानकारी मिलने के बाद पूर्व मंत्री सह हथुआ विधायक रामसेवक सिंह भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने उचकागांव थानाध्यक्ष आशुतोष कुमार झा से घटना की जानकारी ली और मामले में संलिप्त आरोपितों की पहचान कर उनके विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करने की मांग की।
