जागरण संवाददाता, सासाराम : रोहतास। स्थानीय सदर अस्पताल के ट्रामा सेंटर में बीते पांच दिनों से प्लास्टर ऑफ पेरिस व काटन नदारद है। इलाज कराने पहुंचे मरीजों को मजबूरी में सभी सामान बाहर से खरीदना पड़ रहा है। स्वजन हर दिन इस बात को लेकर कर्मियों से विवाद कर रहे हैं। मौजूद चिकित्सकों और नर्सिंग स्टाफ का कहना है कि इसे लेकर कई बार सिविल सर्जन सहित अस्पताल प्रबंधक को अवगत करा दिया गया। बावजूद इसके अभी तक कोई व्यवस्था नहीं की गई। 

पिछली बार टार्च की रोशनी में इलाज को लेकर दिए गए बयान के बाद मचे हंगामे के बाद कोई भी नर्सिंग स्टाफ खुलकर बोलने को तैयार नहीं दिखते, लेकिन अव्यवस्था के कारण मरीजों के परिजनों से होने वाली झड़प बदहाली का हाल बयान कर देता है। राष्ट्रीय राज्य मार्ग के किनारे स्थित होने की वजह से किसी भी प्रकार से दुघ्रटनाग्रस्त मरीज सबसे पहले ट्रामा सेंटर पहुंचते हैं।

सदर अस्पताल के ट्रामा सेंटर में हर रोज कई मामले हड्डी टूटने के आते है। सूत्रों की मानें तो ट्रामा सेंटर में केवल एक सप्ताह में 30-40 लोग हाथ व पैर प्लास्टर कराने पहुंचते हैं। इनमें से कई गरीब मरीज होते हैं। प्लास्टर के लिए पहुंचे गरीब मरीजों को इलाज में पैसे खर्च करने पड़ रहे है। 

सामग्री के अभाव में ट्रामा सेंटर में बिना खर्च के लोगों का प्लास्टर का काम नहीं हो पा रहा है। अस्पताल के प्रबंधक संजीव कुमार मधुकर के अनुसार समस्या से सिविल सर्जन को अवगत करा दिया गया है। हर बार स्थानीय स्तर से खरीद करना संभव नहीं है। जल्द ही सामान उपलब्ध करा दिया जएगा।

Edited By: Prashant Kumar Pandey