जागरण संवाददाता, भभुआ। कैमूर जिले में नशा मुक्ति को लेकर उत्पाद एवं निबंधन विभाग के द्वारा लोगों को जागरूक करने के लिए नशा मुक्ति रथ रवाना किया गया है। बुधवार को जिलाधिकारी नवदीप शुक्ला ने समाहरणालय परिसर से रथ को हरी झंडी दिखाकर गांवों के लिए रवाना किया। पुलिस अधीक्षक राकेश कुमार, उत्पाद अधीक्षक राकेश कुमार के अलावा अन्य पदाधिकारी व कर्मी मौजूद थे। उत्पाद अधीक्षक ने बताया कि जिले में 60 दिनों तक गांव गांव जाकर नशा मुक्ति रथ लोगों को विभिन्न माध्यमों से नशा नहीं करने के प्रति जागरूक करेगा। उन्होंने बताया कि नशा मुक्ति रथ के कार्यक्रम को निर्धारित कर दिया गया है। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार गांव-गांव जाकर नशा मुक्ति के लिए जागरूक करेगा। गौरतलब हो कि सरकार ने अप्रैल 2016 से राज्य में पूरी तरह से शराब बंदी लागू है। शराबबंदी को लेकर लगातार पुलिस व उत्पाद विभाग द्वारा छापेमारी की जा रही है। इस दौरान शराब का धंधा करने वालों के साथ पीने व तस्करी करने वालों को गिरफ्तार किया जा रहा है। वहीं शराब से होने वाले नुकसान के बारे में लोगों को जागरूक किया जाएगा।

वाहनों से मतदाताओं को पहुंचाया गया बूथों तक

जासं, भभुआ। सदर प्रखंड के 310 मतदान केंद्रों पर बुधवार को हुए मतदान में कई तरह की गतिविधियां देखने को मिली। एक तरफ प्रशासन शांतिपूर्ण मतदान कराने के लिए भाग दौड़ करता रहा तो दूसरी तरफ चुनाव लडऩे वाले प्रत्याशी अपने मतदाताओं को मतदान कराने में परेशान रहे। प्रत्याशी गांवों में पहुंच कर यह देख रहे थे कि कौन मतदाता मतदान केंद्र पर पहुंचा, जो मतदाता मतदान केंद्र पर नहीं पहुंचा उसके घर पहुंच कर प्रत्याशी या उनका समर्थक मतदाता को मतदान केंद्र तक लाता। इस दौरान कई ऐसे लोग जो दूसरे जगहों जैसे भभुआ, मोहनियां सहित अन्य प्रखंडों में रहते हैं उन्हें वाहन भेज कर मतदान केंद्र तक भी प्रत्याशियों ने लाया। इसके लिए प्रत्याशियों द्वारा वाहन की व्यवस्था की गई थी। इससे दिन भी मतदाताओं को लाने व उन्हें घर तक छोडऩे का काम किया गया। उधर भभुआ प्रखंड में चुनाव होने के चलते भभुआ नगर में रहने वाले गांवों के लोग अपने-अपने गांव जा कर मतदान किए, जो मतदान करने गांवों में गया वह शाम छह बजे तक नहीं लौटा। इसके चलते भभुआ बाजार में बुधवार की देर शाम तक चहल-पहल नहीं रही। बाजार में दुकानें तो सभी खुली लेकिन, कहीं ग्राहकों की भीड़ नहीं दिखी। बाजार में भी अन्य दिनों की अपेक्षा भीड़ काफी कम रही।

Edited By: Prashant Kumar