गया, जागरण संवाददाता। गया पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। लूट की योजना बनाते हुए अंतर जिला और अंतर राज्य अपराधिक गिरोह के चार सदस्यों को पुलिस ने धर दबोचा। गिरफ्तार शातिर अपराधियों पर झारखंड के धनबाद बिहार के पटना नालंदा और गया जिले के अलग-अलग थानों में दर्जनों मामले दर्ज हैं।

इसका खुलासा करते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक आदित्य कुमार और सिटी एसपी राकेश कुमार ने सोमवार को प्रेस वार्ता में बताया कि मानपुर में 6 शातिर अपराधी छुपे होने की सूचना मिली थी। नगर पुलिस अधीक्षक राकेश कुमार मुफस्सिल थाना अध्यक्ष पंकज कुमार सिंह एवं तकनीकी सेल के पदाधिकारियों को लेकर एक एसआईटी टीम गठित की गई।

टीम के सदस्यों ने मुफस्सिल थाना क्षेत्र गया नवादा एन एच पर मेहता पेट्रोल पंप के पास एक कार सवार थे, जो हाइवा लूटने की योजना बना रहे थे। पहचान कर घेराबंदी की गई। पुलिस को देख कर दो शातिर अपराधी फरार हो गए जबकि पुलिस ने कार समेत चार शातिर अपराधियों को धर दबोचा। गिरफ्तार अपराधियों में मुफस्सिल थाना के भदेजा गांव निवासी ईश्वर चौधरी उर्फ गौड संतोष चौधरी उर्फ ढकनी चौधरी मझौली मूरहठा गांव निवासी रंजीत पासवान एवं चंदौती थाना क्षेत्र के मगध कॉलोनी रोड नंबर 3 निवासी आशीष रंजन को धर दबोचा। एसएसपी ने बताया कि इन चारों अपराधी सियाज कार बीआर 01 डीभी 0537 पर सवार थे। इनके पास से लोडेड दो नाली देसी कट्टा पांच कारतूस और 5 मोबाइल बरामद किया गया है।

एसएसपी ने बताया कि सभी अपराधी डकैती की योजना बना रहे थे। इस गिरोह का मुख्य सरगना कुख्यात अपराधी संतोष चौधरी उर्फ ढकनी चौधरी है जो चोरी लूट डकैती जैसे संगीन मामले के आरोपित है। एसएसपी ने यह भी बताया कि ईश्वर चौधरी पर कुल 8 मामले दर्ज हैं जिसमें नालंदा जिले के दीपनगर थाना कांड संख्या 230/ 15 है। इसी तरह इसके खिलाफ बोधगया मगध मेडिकल रामपुर कोतवाली और मुफस्सिल थाना में मामले दर्ज है।

दूसरे अपराधी संतोष चौधरी उर्फ ढकनी चौधरी पर भी 1 दर्जन से अधिक मामले दर्ज हैं। इसमें गया जिले के विष्णुपद मुफस्सिल मगध मेडिकल बोध गया और बुनियादगंज थाना में मामला दर्ज है। संतोष पर  मानपुर में सैप जवान की गोली मारकर हत्या का भी मामला मुफस्सिल में पहले से दर्ज है। तीसरे आरोपित रंजीत पासवान पर झारखंड के धनबाद जिले के कटरा थाना में 278/ 07 मामले दर्ज हैं। रंजीत गया जिले के  टनकुप्पा थाना कांड संख्या 87/19 दोहरे हत्याकांड का आरोपित है।

इसने कुख्यात आरोपित तिरेल यादव के साथ मिलकर आकाश उफ़  बिट्टू और राहुल यादव हत्याकांड में आरोपित है। पिछले कई वर्षों से वह फरार चल रहा था। इसने तिरैल यादव के साथ मिलकर बीते दिनों विष्णुपद थाना क्षेत्र में बाबू धोबी को गोली मारकर हत्या करने का प्रयास किया था। इसमें पुलिस के अनुसंधान में आरोपी पाया गया है। चौथे आरोपित आशीष रंजन पटना जिले के जक्कनपुर थाना में शराब पीकर वाहन चलाने के मामले में जेल गया था। इस तरह आरोपितों की गिरफ्तारी से पुलिस ने अपराधियों के आगामी योजना जैसे लूट कांड हत्या डकैती आदि मामलों पर पानी फेर दिया है।

एसएसपी ने बताया कि पकड़े गए सभी आरोपित अंतर जिला के साथ-साथ अंतर राज्य में गिरोह का संचालन करता है। जिस जिले और राज्य में इनके खिलाफ मामले दर्ज हैं। वहां की पुलिस है लगातार संपर्क की जा रही है ताकि इन शातिर अपराधियों को स्पीडी ट्रायल के तहत सजा दिलाई जा सके।

एसएसपी ने कहा कि गया जिले में बदमाशों का कई गिरोह संचालित है । इसमें से पुलिस ने कुल 25 गिरोह को चिन्हित किया है । उन 25 गिरोह के सदस्यों को की गिरफ्तारी के लिए अलग से टीम गठित की गई है। छापेमारी टीम में वजीरगंज डीएसपी चूर्ण मंडल मुफस्सिल थाना अध्यक्ष पंकज कुमार सिंह पुलिस पदाधिकारी अविनाश कुमार रणविजय कुमार एवं तकनीकी सेल के पदाधिकारी शामिल थे। इन सभी पुलिस पदाधिकारियों को बेहतर कार्य के लिए पुरस्कृत किया जाएगा।

Edited By: Prashant Kumar