संवाद सूत्र, रामगढ़: जिले में बीते बुधवार को रामगढ़ तथा नुआंव प्रखंड क्षेत्र में जमकर बारिश हुई। जिसमें फसल सहित अन्य चीजों काे नुकसान हुआ है। जिला सांख्यिकी विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक बुधवार को रामगढ़ में 38.4 मिलीमीटर बारिश रिकार्ड दर्ज की गई है। जबकि पास के ही प्रखंड नुआंव में मात्र आठ मिलीमीटर बारिश रिकार्ड दर्ज की गई। इसके अलावा अन्य प्रखंड में बुधवार को बारिश नहीं हुई। जानकारी के मुताबिक रामगढ़ में तेज हवा के साथ बारिश के अलावा ओलावृष्टि भी हुई है। जिससे फसलों को काफी नुकसान हुआ है। 

कई जगहों पर बारिश के साथ जमकर पड़े ओले

रामगढ़ के सहुका, देवहलियां, डहरक, रामगढ़, इसरी छेवरी, महुअर होते हुए बंदीपुर गोड़सरा, डरवन, सियरूआं सदुल्लहपुर, बहपुरा, कलानी विदामनचक सहित अन्य जगहों पर जमकर बारिश के साथ ओले पड़े हैं। डरवन से लेकर सियरूआं में सभी फसलों पर यह ओलावृष्टि कहर बनकर टूट पड़ी है। सब्जी के पौधों के साथ दलहन तिलहन की फसलों पर एक परत ओला जम जाने से सभी फसलों के नष्ट होने की बात किसानों द्वारा बताई जा रही है। सियरूआं के किसान मनोज सिंह, अजय सिंह, नीरज पांडेय तथा डरवन के डा. संतोष कुमार सिंह व मनोज सिंह ने बताया कि हमलोगों के खेत में लगी सभी फसल ओलावृष्टि से नष्ट हो गई है। जिन क्षेत्रों में फसलों पर यह ओलावृष्टि हुई है वहां सभी पौधों को नुकसान पहुंचाया है। जैसे-जैसे पूरब बढ़ा है वैसे-वैसे इसमें वृद्धि हो गई है। 

दो से तीन किलोमीटर के रेंज में हुई ओलावृष्टि

यह ओलावृष्टि दो से तीन किलोमीटर के रेंज में लंबी दूरी तय करते हुए निकला है। संयोग अच्छा कहिए कि सब्जी के गढ़ दैतरा बाबा स्थान के समीप वाले इलाके को अपने आगोश में नहीं लिया। अन्यथा भटौली के किसानों की कमर ही टूट जाती। मोहनियां बक्सर पथ पर सिसौड़ा से रामगढ़ कृषि फार्म वाले क्षेत्र से यह ओलावृष्टि पूरब की तरफ तेजी से बढ़ा है। इस संबंध में प्रखंड कृषि पदाधिकारी जितेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि रामगढ़ क्षेत्र के विभिन्न जगहों पर ओलावृष्टि से फसलों को काफी नुकसान होने की बात बताई जा रही है। जिला से गाइडलाइन जारी होते ही क्षतिपूर्ति का आकलन शुरू करा दिया जाएगा।

Edited By: Prashant Kumar Pandey