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राज दरभंगा के स्वर्णिम इतिहास से रूबरू होगी युवा पीढ़ी, रामबाग पैलेस में बनेगी फोटो गैलरी

Published: Tue, 01 Sep 2026 05:55 AM (IST)

Raj Darbhanga History: राज दरभंगा के गौरवशाली इतिहास और जनकल्याणकारी कार्यों को युवा पीढ़ी तक पहुंचाने के लिए रामबाग पैलेस के सिंहद्वार पर एक भव्य फोटो गैलरी बनाई जाएगी।

रामबाग पैलेस के सिंहद्वार में एक भव्य फोटो गैलरी बनाई जाएगी। फाइल फोटो

रामबाग पैलेस के सिंहद्वार में एक भव्य फोटो गैलरी बनाई जाएगी। फाइल फोटो

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जागरण संवाददाता, दरभंगा। Rambagh Palace Darbhanga: मिथिलांचल और तिरहुत के समग्र विकास में ऐतिहासिक योगदान देने वाले राज दरभंगा के गौरवशाली इतिहास को संजोने के लिए एक बड़ी पहल की गई है।

राज परिवार के जनकल्याणकारी कार्यों और स्वर्णिम अतीत से युवा पीढ़ी को अवगत कराने के लिए रामबाग पैलेस के सिंहद्वार में एक भव्य फोटो गैलरी बनाई जाएगी।

कामेश्वर सिंह धार्मिक न्यास ट्रस्ट की ओर से माधवेश्वर परिसर में आयोजित धार्मिक समारोह के दौरान ट्रस्टी कुमार कपिलेश्वर सिंह ने यह घोषणा की।

Darbhanga raj yuvraj kumar kapileshwar

फोटो गैलरी का निर्माण

रामबाग पैलेस के सिंहद्वार पर बनने वाली इस फोटो गैलरी में राज दरभंगा के शिक्षा, कला, खेल और राष्ट्रीय सुरक्षा में दिए गए अभूतपूर्व योगदान को क्रमबद्ध तरीके से प्रदर्शित किया जाएगा। इसके साथ ही परिसर स्थित ऐतिहासिक माधवेश्वर शिव मंदिर के जीर्णोद्धार का कार्य भी शीघ्र शुरू किया जाएगा।

इस अवसर पर माधवेश्वर परिसर में श्री श्री 108 मां रुद्रेश्वरी काली मंदिर एवं श्री श्री 108 कामेश्वरी श्यामा मंदिर का जीर्णोद्धार कार्य संपन्न होने पर विशेष पूजा, आरती और हवन का आयोजन हुआ।

शिक्षा में बड़ा योगदान

खंडवाला राजवंश के महाराजा छत्र सिंह के ज्येष्ठ पुत्र महाराजा रुद्र सिंह की समाधि स्थल पर मां रुद्रेश्वरी काली विराजमान हैं। दरभंगा राज के 18वें अधिपति महाराजा रुद्र सिंह ने मिथिला में आधुनिक शिक्षा की मजबूत नींव रखी थी।

वर्ष 1835 में मुजफ्फरपुर में पहले एंग्लो वर्नाक्युलर स्कूल की स्थापना के लिए पांच हजार रुपये व जमीन दान दी थी। वहीं कामेश्वरी श्यामा काली मंदिर का निर्माण महाराजाधिराज डॉ. सर कामेश्वर सिंह की समाधि पर वर्ष 1965 में महारानी राजलक्ष्मी ने कराया था।

धर्म जागरण में पहचान

कामेश्वर सिंह दरभंगा संस्कृत विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. लक्ष्मी निवास पांडेय ने कहा कि दरभंगा राज धर्म जागरण, शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में अपने अप्रतिम योगदान के लिए विश्वविख्यात रहा है।

उन्होंने कहा कि पूर्वजों की भांति वर्तमान पीढ़ी भी समाज निर्माण के दायित्वों का निष्ठापूर्वक निर्वहन कर रही है। कार्यक्रम में ट्रस्टी कविता कुमारी सिंह, कुमार अरिहंत सिंह, आशुतोष दत्ता, मीना झा, रंगनाथ ठाकुर समेत बड़ी संख्या में गणमान्य लोग मौजूद रहे।