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दरभंगा में एलिवेटेड सड़क निर्माण के दौरान ऊपर से गिरी लोहे की शटरिंग, नीचे दब गया बाइक सवार

Published: Tue, 11 Aug 2026 01:46 PM (IST)

दरभंगा के कर्पूरी चौक पर एलिवेटेड सड़क निर्माण के दौरान ऊपर से लोहे की शटरिंग गिरने से एक बाइक सवार ...और पढ़ें

एलिवेटेड सड़क निर्माण के दौरान बाइक सवार पर गिरी शटरिंग। जागरण

एलिवेटेड सड़क निर्माण के दौरान बाइक सवार पर गिरी शटरिंग। जागरण

HighLights

  1. दरभंगा में एलिवेटेड सड़क निर्माण के दौरान हादसा।

  2. लोहे की शटरिंग गिरने से बाइक सवार घायल हुआ।

  3. सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर गंभीर सवाल उठे।

जागरण संवाददाता, दरभंगा । बिहार में दरभंगा शहर के व्यस्ततम कर्पूरी चौक पर सोमवार की शाम चार बजे एलिवेटेड सड़क निर्माण के दौरान अचानक ऊपर से भारी-भरकम लोहे की शटरिंग सीधे सड़क से गुजर रहे एक बाइक सवार पर आ गिरी।

शटरिंग का वजन इतना ज्यादा था कि बाइक सवार युवक उसके नीचे दब गया। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। घटना के तुरंत बाद आसपास के राहगीर मदद को पहुंचे।

लोहे की शटरिंग बेहद भारी होने के कारण उसे हटाने में लोगों को भारी मशक्कत करनी पड़ी। स्थानीय लोगों ने युवक को शटरिंग और बाइक के नीचे से बाहर निकाला।

युवक को तुरंत इलाज के लिए पास के अस्पताल ले जाया गया। इस घटना ने एलिवेटेड सड़क का निर्माण कर रही एजेंसी की कार्यशैली और सुरक्षा इंतजामों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इतने भारी लोहे की शटरिंग का काम चलते समय नीचे से गुजर रही गाड़ियों को रोकने के लिए कोई बैरिकेडिंग नहीं की गई थी।

व्यस्त चौराहे पर निर्माण कार्य के बावजूद नीचे कोई सुरक्षा जाल नहीं लगाया गया था। बिना किसी चेतावनी बोर्ड या सुरक्षा गार्ड के इतने संवेदनशील इलाके में काम कराया जा रहा है।

प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा कि लोहे की इतनी भारी शटरिंग बिना किसी सुरक्षा के ऊपर बांधी गई थी। अगर समय पर लोग नहीं जुटते तो युवक की जान चली जाती। यह सीधे तौर पर लापरवाही नहीं, बल्कि जानलेवा हमला है।

बता दें कि शहर में बिना किसी सुरक्षा इंतजाम और वैकल्पिक व्यवस्था के धड़ल्ले से चल रहे निर्माण कार्य के कारण राहगीरों की जान लगातार आफत में बनी हुई है।

हाल ही में जिला प्रशासन ने सख्त निर्देश जारी कर निर्माण में जुटी सभी एजेंसियों को सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करने की हिदायत दी थी।

बावजूद इसके कार्यदायी एजेंसी ने न तो नीचे से गुजरने वाले वाहनों के लिए बैरिकेडिंग की व्यवस्था की, और न ही ऊपर कोई सेफ्टी नेट लगाया गया। बता दें उक्त योजना 1,862 करोड़ की है।

इसकी लंबाई 14 किमी है। यह दरभंगा जंक्शन से एकमी/अमास-दरभंगा एक्सप्रेस-वे तक प्रस्तावित है। घटना के संबंध में निर्माण एजेंसी के पदाधिकारियों से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उन्होंने अपना पक्ष नहीं रखा।