बक्सर : सैरात वसूली पर नगर परिषद द्वारा बुलाई गई आम बैठक में हुई मारपीट के बाद आखिरकार वसूली पर रोक लगाने की घोषणा करनी पड़ी। सैरात वसूली का हो रहे कड़े विरोध के बाद गुरुवार को कार्यपालक पदाधिकारी मनोज कुमार ने नप के वार्ड पार्षद, टेम्पो चालक, टाउन वेंडिग कमेटी तथा ट्रांसपोर्टर की बैठक बुलाई थी। बैठक शुरू होते ही नगर परिषद के विपक्ष खेमा के पार्षदों ने सैरात वसूली का विरोध शुरू कर दिया।

पूर्व चेयरमैन कमलेश प्रसाद पूर्व चेयरमैन मोहन मिश्र पूर्व वार्ड पार्षद धीरज कुमार के अलावे समाजसेवी दशरथ प्रसाद विद्यार्थी अब्दुल अलीम हाशमी ने सैरात वसूली को अनुचित बताते हुए नगर परिषद से वसूली से पूर्व सुविधाओं में बढ़ोतरी की मांग की। उधर, टेंपो चालक संघ की तरफ से बबन प्रसाद तथा रवि राय नेवी अपने संबोधन में स्पष्ट कर दिया कि नगर परिषद पहले सुविधा बढ़ाए फिर सैरात की वसूली करें। टेंपो चालकों ने टेंपो स्टैंड पेयजल शौचालय तथा लाइट की बेहतर सुविधा की मांग कर रहे थे। बैठक में कहा गया कि लाठी के बल पर हो रही वसूली कतई उचित नहीं है। तब नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी मनोज कुमार ने भी स्वीकार किया कि लाठी के बल पर सैरात की वसूली नहीं होगी। दशरथ प्रसाद विद्यार्थी ने कहा कि नगर परिषद के पास वर्षों पुराने होल्डिग टैक्स के बकायेदार हैं। लेकिन नगर परिषद का वसूली सिस्टम बेपटरी है। रसूखदार और गरीब के लिए अलग अलग नजरिया नहीं होनी चाहिए।

नगर परिषद की बिजनेस सेंटर नहीं बनाए

बैठक में कहा गया कि नगर परिषद को बिजनेस सेंटर नहीं बनाया जाए। बिजली पानी सफाई का लाभ शहर के सभी लोगों को समान रूप से मिलना चाहिए। यह सुविधाएं किसी के कमाई का जरिया न बने। इस तल्ख टिप्पणी पर बैठक में लोगों ने तालियों की गड़गड़ाहट से समर्थन कर नगर परिषद को सच्चाई का आईना दिखाने का प्रयास किया गया। कहा गया कि शहर के रसूखदार लोगों के लिए नगर परिषद की नियमावली अलग है तो गरीब और कमजोर लोगों के लिए नगर परिषद अलग व्यवस्था अपनाती है।

दो पक्षों के बीच हाथापाई के बाद सैरात वसूली पर लगी रोक

नगर परिषद ने सैरात की वसूली पर तत्काल रोक लगा दिया है। यह नौबत तब आई जब बैठक के दौरान ही दो पक्षों के बीच तू-तू मैं-मैं और हाथापाई हो गई। एक पक्ष के अमसारी गांव के भदूकन सिंह थे तो दूसरे पक्ष के आशुतोष कुमार त्रिपाठी बैठक में अपना पक्ष रख रहे थे। तभी सैकड़ों की संख्या में मौजूद टेंपो चालकों ने झगड़ा शुरू कर दिया। बैठक में कुर्सियां चलने लगी। इस दौरान बैठक में स्वयं थानाध्यक्ष बिदेश्वरी राम मौजूद थे। स्थिति बिगड़ते सब लोग भाग खड़े हुए। कार्यपालक पदाधिकारी मनोज कुमार के निर्देश पर प्रधान सहायक दुर्गेश कुमार सिंह ने तत्काल सैरात की वसूली पर रोक लगाने की घोषणा की। इस घोषणा के बाद ही सड़क जाम कर विरोध जता रहे टेंपो चालक नगरपालिका के सामने से हटे।

Edited By: Jagran