जागरण संवाददाता, अररिया : New Variant Omicron भारत नेपाल बार्डर पर कोरोना काल में लंबे समय बैन रहा। अब सभी मार्ग खोल दिए गए हैं। नेपाल के लोग भारत और भारत के लोग नेपाल आ जा रहे हैं। वहीं, कोरोना संक्रमण के नए वेरिएंट ने स्वास्थ्य विभाग की नींदें उड़ा दी हैं। ओमीक्रॉन नामक नए वेरिएंट का प्रसार बढ़ने का खतरा है। इसको लेकर स्वास्थ्य विभाग ने विशेष सर्तकता बढ़ा दी है। कोरोना जांच के दायरे को बढ़ाया है। टीकाकरण पर अधिक जोर दिया जा रहा है। सीएस एमपी गुप्ता ने बताया नया वैरिएंट अधिक खतरनाक है। एंटीजन टेस्ट के माध्यम से वायरस के नये वैरिएंट का पता लगाना मुश्किल है। जिसको लेकर आरटीपीसीआर जांच पर ज्यादा फोकस किया जा रहा है।

सार्वजनिक स्थानों पर होगी जांच : सीएस ने बताया कि कोरोना संक्रमण के बढ़ते खतरे को देखते हुए जांच के दायरे को बढ़ाया गया है। रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, चौक चौराहे व सार्वजनिक स्थलों पर कोरोना जांच की विशेष व्यवस्था की गई है। हर आने वाले जानें वालों की जांच कराई जाती है। खासकर बाहर से आने वाले लोगों को विशेष नजर रखी जा रही है। जांच के दौरान संक्रमित व्यक्ति मिलने पर उनके उपचार के लिए बेहतर व्यवस्था की गई है।

ग्रामीण क्षेत्रों पर है नजर : सीएस ने कहा कि आशा कार्यकर्ताओं को अपने क्षेत्र में विशेष सतर्कता बरतने का निर्देश दिया गया है। उन्नत परीक्षण, सक्रिय निगरानी व टीकाकरण में वृद्धि व ढांचें को उन्नत बनाने का प्रयास किया जा रहा है। सतर्कता के साथ सुरक्षात्मक उपायों पर अमल करना सभी के लिए जरूरी है। उन्होंने लोगों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की।

टीकाकरण को लेकर दिखाएं दिलचस्पी : सीएस ने अपील करते हुए कहा जो लोग टीकाकरण नहीं करवाएं है वह टीकाकरण कराने में दिलचस्पी दिखाएं। जो टीकाकरण नहीं कराएं हैं उसे कोरोना का खतरा अधिक है।

बरतें सावधानी : सीएस ने कहा कि सावधानी व सर्तकता जरूरी है। मास्क का नियमित उपयोग, भीड़-भाड़ वाले स्थानों पर जाने से परहेज, हाथों की नियमित सफाई व खांसते व छींकते समय मुंह को ढककर रखने, पूर्ण टीकारकण, शारीरिक दूरी का पालन कोरोना संक्रमण के प्रसार पर रोक लगाया जा सकता है। इसको लेकर आम लोगों को जागरूक होना होगा। तभी इस महामारी से निजात मिलेगी।

Edited By: Shivam Bajpai