जागरण संवाददाता, खगड़िया। वाराणसी में नीट में साल्वर गिरोह (NEET Solver Gang) का पर्दाफाश हुआ है। जिसका बिहार के पटना और खगड़िया कनेक्शन है। खगड़िया के विकास कुमार महतो उर्फ विकास कुमार का नाम सामने आया है। जो खगड़िया जिले के गंगौर ओपी क्षेत्र के बेला सिमरी गांव का रहने वाला है। वह वर्षों से पटना में था। ग्रामीणों की नजर में वह वहां रहकर पढ़ाई-लिखाई कर रहा था।

सामने आया है कि विकास की भूमिका पटना में भी संदिग्ध रही है। पटना के बाजार समिति के आसपास उसका ठिकाना है। विकास के बड़े भाई फुलेंद्र महतो ने बताया कि हमलोगों को मीडिया के माध्यम से जानकारी मिली। तब से फोन कर रहा हूं लेकिन उसका फोन स्विच आफ आ रहा है।

विकास ने कहा कि मेरी आखिरी बात दो सितंबर को हुई थी। मां ने उससे बीते रविवार को बात की थी। वह अप्रैल में मंझले भाई की शादी में गांव आया था। उसके बाद से गांव नहीं आया है। वह इस तरह के धंधे में शामिल है, हमलोग तो दूर-दूर तक यह सोचते भी नहीं थे। फुलेंद्र ने कहा कि अब तक किसी भी जगह की  पुलिस ने उनलोगों से संपर्क नहीं किया है।

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  • - साल्वर गिरोह का विकास खगड़िया के बेला सिमरी का निकला
  • - बीते रविवार को मां से विकास ने की थी बातचीत
  • -अप्रैल में मंझले भाई की शादी में गांव आया था
  • -दो सितंबर को बड़े भाई से की थी बात

सूत्रों के अनुसार विकास ने कुछ महीने पहले अपने गांव बेला सिमरी में जमीन खरीदी है। खगड़िया में भी जमीन खरीदने वाला था। ग्रामीण सूत्रों ने बताया कि विकास का नाम साल्वर गिरोह में सामने आने के बाद उसके कई दोस्तों के चेहरे उड़े हुए हैं। कई ने फोन आफ कर रखे हैं। गंगौर ओपी प्रभारी राजीव रंजन ने बताया कि अब तक वाराणसी पुलिस से इस मामले में कोई जानकारी नहीं मिली है।

Edited By: Shivam Bajpai