विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

TLM Bhagalpur : जादू की छड़ी, तारामाची से जोड़-घटाव मशीन तक, शिक्षकों ने रचा सीखने का संसार

Published: Fri, 30 Jan 2026 12:44 AM (IST)

भागलपुर में निपुण टीएलएम 3.0 मेले में शिक्षकों ने अपनी रचनात्मकता और नवाचार का प्रदर्शन किया। 70 से अधिक शिक्षकों ...और पढ़ें

भागलपुर : टीएलएम मेले में जादू की छड़ी मॉडल को देखती डीपीओ बबीता

भागलपुर : टीएलएम मेले में जादू की छड़ी मॉडल को देखती डीपीओ बबीता


HighLights

  1. भागलपुर में निपुण टीएलएम 3.0 मेले का आयोजन।

  2. शिक्षकों ने रचनात्मक शिक्षण मॉडल प्रस्तुत कर नवाचार दिखाया।

  3. पांच विषयों में सर्वश्रेष्ठ टीएलएम को विशेष सम्मान मिला।

जागरण संवाददाता, भागलपुर। टीएलएम 3.0 मेले के दौरान शिक्षकों की रचनात्मकता और नवाचार ने एक बार फिर सभी को अचंभित कर दिया। मेले में जादू की छड़ी, बंद दरवाजा खोल माडल, तुकबंदी के साथ बहु गतिविधि टीएलएम, शब्दों का तारामाची, गणित मैजिक बाक्स, जोड़-घटाव मशीन और शब्दों के बायोस्कोप जैसे माडल विशेष आकर्षण का केंद्र रहे।

इन माडलों के माध्यम से शिक्षकों ने यह दिखाया कि किस तरह किताबों के सैद्धांतिक ज्ञान को सरल, रोचक और व्यावहारिक बनाकर बच्चों तक पहुंचाया जा सकता है। इससे पहले गुरुवार को जिला स्कूल परिसर में आयोजित जिला स्तरीय निपुण टीएलएम 3.0 मेले का उद्घाटन डीपीओ एसएसए बबीता कुमारी ने किया।

इस मेले में जिले के सभी प्रखंडों से आए 70 से अधिक शिक्षकों ने अपने-अपने शिक्षण अधिगम सामग्री माडल प्रस्तुत किए। उद्घाटन के दौरान डीपीओ एसएसए बबीता कुमारी ने शिक्षकों को संबोधित करते हुए कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए जरूरी है कि कक्षा में पढ़ाई केवल पुस्तकों तक सीमित न रहे।

  • जिला स्कूल परिसर में आयोजित हुआ निपुण टीएलएम 3.0 का मेला, 70 से अधिक शिक्षकों ने दिखाई अपनी प्रतिभा
  • शिक्षकों के नवाचारी शिक्षण माडल बने आकर्षण, पांच विषयों में बेस्ट टीएलएम को किया गया सम्मानित

शिक्षण सामग्री के माध्यम से बच्चों को सीखने से जोड़ा जाए, ताकि वे खेल-खेल में अवधारणाओं को समझ सकें। उन्होंने एक-एक कर सभी शिक्षकों के टीएलएम माडलों का अवलोकन किया और उपयोगिता पर सुझाव भी दिए। इसके अलावा बिहार शिक्षा परियोजना भागलपुर की मूल्यांकन टीम द्वारा भी प्रत्येक शिक्षक से उनके माडल की जानकारी ली गई।

कार्यक्रम के अंत में हिंदी, गणित, अंग्रेजी, पर्यावरण विज्ञान और उर्दू विषय के सर्वश्रेष्ठ टीएलएम को सम्मानित किया गया, जबकि अन्य प्रतिभागी शिक्षकों को प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। इस अवसर पर गुणवत्ता शिक्षा के संभाग प्रभारी डा. उपेंद्र प्रसाद, डायट की प्राचार्य श्रुति सहित कई शिक्षक और शिक्षा विभाग के पदाधिकारी मौजूद रहे।

ये चुने गए पांच सर्वश्रेष्ठ टीएलएम वाले शिक्षक

निपुण टीएलएम 3.0 जिला स्तरीय मेले में पांच विषयों के श्रेष्ठ शिक्षण मॉडल चयनित किए गए। हिंदी विषय में नाथनगर प्रखंड के मध्य विद्यालय बिहारीपुर की पिनाकी कुमारी, अंग्रेजी में खरीक प्रखंड के मध्य विद्यालय तुलसीपुर यादव टोला की सलमा कौसर, गणित में शाहकुंड प्रखंड के मध्य विद्यालय सुखसरोवर के भूपेंद्र कुमार को सर्वश्रेष्ठ घोषित किया गया। वहीं पर्यावरण विज्ञान में नगर निगम क्षेत्र के मध्य विद्यालय कुतुबगंज की ज्योति कुमारी तथा उर्दू में कहलगांव प्रखंड के उर्दू प्राथमिक विद्यालय भदर के मो. फरीद आलम को सम्मानित किया गया।