जागरण संवाददाता, भागलपुर। नगर निगम कार्यालय में सशक्त स्थायी समिति की बैठक हुई जो हंगामेदार रही। बैठक में पुराने प्रस्तावों पर अनुपालन की जानकारी देने के बजाय नए प्रस्तावों पर चर्चा की बात पर मेयर सीमा साहा भड़क गईं। उन्होंने कहा कि खर्च करके मेयर बनी हूं। मुंह खोल दूंगी तो कई लोग हो बेपर्द जाएंगे। कौन कितना खाया और कौन क्या किया है, मुझे सब पता है। निगम को आपलोगों ने राजनीति का आखाड़ा बना दिया है। इससे विकास कार्य गर्त में चला गया है।

नगर निगम को गंगा टाउन योजना के तहत 11.25 करोड़ रुपये का अनुदान मिला था, जिसके तहत आटो टीपर, ट्राइसाइकिल व कूड़ेदानों की खरीदारी की गई थी। निगम परिसर में ये गाडिय़ां चालक के अभाव में खड़ी हैं। निगम ने पहले खरीदारी की उसके बाद आज बैठक में प्रस्ताव पास कराया गया।

गहमागहमी के बीच मेयर सीमा साहा आक्रामक मूड में दिखीं। उन्होंने कहा कि कार्यकाल समाप्त होने को है। लंबित कार्यों में तेजी लाने को निगम प्रशासन पर दबाव बनाया गया। शहर में पांच साल से 350 करोड़ का विकास कार्य चल रहा है, लेकिन धरातल पर योजनाएं कम दिख रही हैं। अधिकारी व कर्मी, पार्षदों को अलग-थलग करने की राजनीति कर रहे हैं। अधिकारी अवसर का फायदा उठाते हैं।

पुराने प्रस्तावों के अनुपालन पर मांगा जवाब, पार्षदों ने किया विरोध

समिति की बैठक में मेयर व डिप्टी मेयर ने कहा कि जब तक पूर्व में स्थायी समिति के प्रस्तावों पर अनुपालन की जानकारी नहीं मिलेगी, तब तक आगे नए प्रस्तावों पर चर्चा नहीं होगी। सदस्यों को एक सप्ताह में अनुपालन रिपोर्ट देनी थी, लेकिन रिपोर्ट नहीं मिली। योजना का मदवार और आय-व्यय का ब्योरा नहीं मिला। शहर में जितने भी कार्य हुए वहां शिलान्यास व उद्घाटन बोर्ड नहीं लगा। पांच वर्ष में दो माह बचे हैं। हर कार्यकाल से अधिक कार्य हुआ। कनीय अभियंता के नहीं होने से कार्य प्रभावित हुआ है। इसके लिए जिला प्रशासन से मांग की जाएगी। जिस संवेदक ने उद्घाटन नहीं कराया है उसे भुगतान नहीं किया जाएगा। निविदा भी रद होगी। 27 के बाद योजनाओं का उद्घाटन होगा।

जैन मंदिर मार्ग में नाला निर्माण पर चर्चा

जैन मंदिर मार्ग में नाला निर्माण में विलंब पर संवेदक से स्पष्टीकरण मांगने और सम्राट अशोक भवन के निर्माण में विलंब पर कार्रवाई का निर्णय लिया गया। वार्ड 11 में भी जलजमाव की स्थिति बन गई है। संवेदक पर कार्रवाई को कहा पर कुछ नहीं हुआ। पार्षद सदानंद मोदी ने कहा सम्राट अशोक भवन के ठीकेदार पर कार्रवाई से अधिकारी को भय लगता है। 51 प्याऊ निर्माण को निविदा निकाली गई, लेकिन सात ही निविदा में सफल हुई। मेयर ने कहा कि कार्यपालक अभियंता जानबूझकर तकनीकी बाधा उत्पन्न कर रहे हैं।

इन योजनाओं पर हुई चर्चा

कबीर अंत्येष्टि का लाभ पार्षदों को स्वयं पीडि़तों को देना पड़ रहा है। कई पार्षदों के खाते भी नहीं खुले हैं। कई का खाता खुला है पर राशि नहीं है। नगर आयुक्त ने कहा, एक वर्ष से फंड नहीं मिला है। इससे परेशानी हुई है। कंबल की खरीदारी पर विलंब पर डिप्टी मेयर व सदस्यों ने जोरदार विरोध किया। सभी ने कहा कि जब फरवरी के बाद मिलेगा तो क्या मार्च में कंबल वितरण होगा। इसकी निविदा रद करने का प्रस्ताव रखा। पांच माह पहले प्रस्ताव लाया गया पर खरीदारी नहीं हुई। कर्मियों ने कहा 10 दिनों में आपूर्ति होगी। आवास योजना के लाभुकों एक सप्ताह में वर्क आर्डर मिलेगा। 1487 लाभुकों में से 600 को वर्क आर्डर दिया जाना है। वहीं ओडीएफ से अब ओडीएफ प्लस की तैयारी है।

आदेश का अनुपालन नहीं करती कार्यपालक सहायक

बैठक में डिप्टी मेयर राजेश वर्मा ने मेयर के कार्यालय में प्रतिनियुक्त कार्यपालक सहायक कामिनी को भुगतान पर चर्चा पर कहा कि निगम भुगतान नहीं करेगा तो पार्षद आर्थिक सहयोग करेंगे। यह सुनते ही मेयर भड़क गईं और कहा कि कामिनी ने गलती की है। आदेश का अनुपालन नहीं करती है। एक कर्मी का भुगतान क्यों रोकेंगे। गहमागहमी के बीच नगर आयुक्त ने कहा कि मेयर अगर प्रस्ताव दें तो उसे हटाकर दूसरे को प्रतिनियुक्त करेंगे।

  • - निगम को राजनीति का आखाड़ा बना दिया है, विकास कार्य हो गया है बाधित
  • - शहर में पांच साल से 350 करोड़ का विकास कार्य चल रहा है, पर धरातल पर नहीं दिख रहे कार्य
  • -पार्षदों को अलग-थलग करने की राजनीति कर रहे अधिकारी और कर्मचारी
  • - आउटसोर्सिंग कंपनी मजदूरों को 385 रुपये की दर से करेगी भुगतान
  • - प्रति दो सौ घर पर एक मजदूर को रखने की होगी व्यवस्था
  • - खलीफाबाग, स्टेशन, तिलकामांझी व शीतला स्थान चौक का चार-चार लाख रुपये से होगा सुंदरीकरण
  • - निगम पसिर में जनसुविधा के लिए बनेगा वातानुकूलित प्रतीक्षालय
  • - पानी जांच के लिए बुडको बनाएगा प्रयोगशाला
  • - 16 करोड़ रुपये का मिला फंड, 17 प्रतिशत होगा 20 फीट चौड़ी सड़क पर खर्च

निगम देगा सुविधा और वसूलेगा चार्ज

स्थायी समिति ने सोमवार को सड़क किनारे मलबा रखने वाले और मकान का मलबा उठाव के लिए 1000 रुपये प्रति ट्रैक्टर निर्धारित किया है। शहरवासी अब अपने घरों के मलबा का उठाव के लिए निगम को आवेदन करेंगे। निगम की गाड़ी जाकर उठाव करेगी। बायो मेडिकल कचरा के निष्पादन के लिए राज्य स्वास्थ्य समिति से निबंधित संस्था से करार होगा। कचरा उठाव के बदले 1000 रुपये का शुल्क लेगी।

कर्मियों के सेवा विस्तार की न, आपरेटर बहाली पर किचकिच

समिति की बैठक में जैसे ही सेवानिवृत्त कर्मियों के सेवा विस्तार के प्रचार पर चर्चा शुरू हुई। सभी सदस्यों ने सिरे से खारिज कर दिया। अब कार्यकाल के चंद माह है। किसी के सेवा विस्तार पर चर्चा नहीं होगी। सरूण देवी और चंदेश्वरी दास को दो वर्ष का कार्यकाल नहीं बढ़ेगा। डिप्टी मेयर राजेश वर्मा ने कहा न लोगों को अवसर मिलना चाहिए। युवा आएंगे तो बेहतर कार्य करेंगे। 10 कंप्यूटर आपरेटर को दैनिक पारिश्रमिक पर रखने के प्रस्ताव पर जोरदार विरोध हुआ। उन्होंने कहा कि बेल्ट्रोल के माध्यम से आपरेटर उपलब्ध कराया जाता है। ऐसे में निगम कैसे रख सकता है।

25 साल पहले हुई मृत्यु, पत्नी को नहीं मिला भुगतान

नगर निगम के जलकल शाखा में कार्य करने वाले लाल मोहन साह की मृत्यु 25 साल पहले हुई थी, लेकिन उनके स्वजन व पत्नी शकुंतला देवी को पारिवारिक पेंशन की जानकारी नहीं थी। इसके लिए आवेदन तक नहीं किया था। हाल के कुछ वर्षों से पेंशन के लिए चक्कर लगाना पड़ रहा था। यह सुनते ही मेयर व डिप्टी मेयर सहित हक्के-बक्के रह गए। बिना देर किए सभी ने पेंशन देने पर अपनी स्वीकृति दे दी।

बैठक में ये लिए गए निर्णय

  • - गीला कचरा के निष्पादन के लिए 10 कंपोस्टर की खरीदारी का निर्णय
  • - बायो मेडिकल वेस्ट कचरा के संग्रहण को आटो टीपर में होगा बाक्स का निर्माण
  • - सभी सफाई कर्मियों व चालक को वर्दी व सुरक्षा कीट मिलेगा
  • - 55 आटो टीपर के लिए चालकों की प्रतिनियुक्ति आउट सोर्सिंग एजेंसी से होगी
  • - भूतनाथ में सभी प्रकार के कचरे को अलग करने को खाली जगह का होगा उपयोग
  • - भूतनाथ पीट पर खाली जगह पर बायो मेडिकल वेस्ट संग्रह केंद्र का निर्माण होगा

मेयर ने दिखाया तेवर

चार वर्ष से नगर निगम कार्यालय परिसर में पार्षद कक्ष का निर्माण कार्य पूरा होने के बाद चालू नहीं हुआ। सशक्त स्थायी समिति की बैठक में मेयर ने कहा पार्षद कक्ष नहीं खुलेगा तो बैठक के बाद ताला तोड़ देंगे। हमारे कार्यकाल में काम होगा और श्रेय कोई ओर लेगा। यह नहीं चलेगा। इसके बाद नगर आयुक्त ने कार्यपालक अभियंता को होने के बाद भी बंद है। इसे लेकर मेयर ने कहा कि अगर पार्षदों को कक्ष नहीं मिला तो ताला तोड़ देंगे। मेयर के तेवर को देख कार्यपालक अभियंता ने इंजीनियर व संवेदक को बुलाकर भवन की मापी की। लेकिन यहां आधी-अधूरी योजना के साथ कार्य कराया गया। शौचालय में सीट तक नहीं थी। भवन के बाहर शौचालय की व्यवस्था से बारिश में समस्या होगी। नगर आयुक्त ने बिजली बायरिंग व शौचालय की व्यवस्था दुरुस्त करने का निर्देश दिया। 26 को इसका उद्घाटन कराने की तैयारी का निर्देश दिया।

Edited By: Dilip Kumar Shukla