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'सर, हमें कॉपी-कलम दीजिए, हम पढ़ेंगे' भागलपुर बाढ़ राहत शिविर में खुला अस्थायी स्कूल, पहले दिन 90 नामांकन

Published: Wed, 09 Sep 2026 02:09 PM (IST)

भागलपुर के बाढ़ राहत शिविर में विस्थापित बच्चों के लिए एक अस्थायी स्कूल खोला गया है। बच्चों की पढ़ाई के ...और पढ़ें

HighLights

  1. बाढ़ राहत शिविर में विस्थापित बच्चों के लिए अस्थायी स्कूल शुरू।

  2. बच्चों की पढ़ाई के प्रति ललक, पहले दिन 90 नामांकन।

  3. डीईओ ने कॉपी-कलम देने का वादा किया, शिक्षकों की नियुक्ति।

जागरण संवाददाता, भागलपुर। प्रलयंकारी बाढ़ ने भले ही सैकड़ों परिवारों के आशियाने छीन लिए हों और उनकी रोजमर्रा की जिंदगी की रफ्तार थाम दी हो, लेकिन आपदा भी नौनिहालों के पढ़ने के अदम्य जज्बे को डिगा नहीं सकी। भागलपुर के बरारी स्थित राजकीय पॉलिटेक्निक कॉलेज में बने बाढ़ राहत शिविर में विस्थापित परिवारों के बच्चों के इसी हौसले ने प्रशासनिक महकमे और शिक्षा विभाग के अधिकारियों को भावुक कर दिया। राहत शिविर की विषम परिस्थितियों के बीच जिला शिक्षा विभाग ने पहल करते हुए एक सुसज्जित अस्थायी विद्यालय की शुरुआत की है।

विद्यालय की व्यवस्थाओं का जायजा लेने जब जिला शिक्षा पदाधिकारी (डीईओ) चंदन कुमार मौके पर पहुंचे, तो वहां का दृश्य दिल छू लेने वाला था। शिविर में मौजूद नन्हे-मुन्ने बच्चों ने तपाक से उनसे मासूमियत भरा सवाल किया— "सर, अगर आप हमें कॉपी और कलम दीजिएगा, तो हम इस विद्यालय में जरूर पढ़ेंगे।" मासूमों की इस ललक और सीखने की ललक ने डीईओ को गहराई से प्रभावित किया। उन्होंने तत्काल बच्चों को गले लगाया और वादा किया कि हर बच्चे को नि:शुल्क कॉपियां, कलम, पेंसिल और जरूरी किताबें प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध कराई जाएंगी।

पहले ही दिन 90 बच्चों का नामांकन, व्हाइट बोर्ड लगाकर सजी क्लास

अधिकारियों के आश्वासन के बाद राहत शिविर में बने इस अस्थायी स्कूल में दाखिले के लिए बच्चों और अभिभावकों की कतार लग गई। बुधवार दोपहर तीन बजे तक लगभग 90 बच्चों का अस्थायी नामांकन दर्ज किया जा चुका था। राहत शिविर के माहौल में भी बच्चों की पढ़ाई निर्बाध रूप से जारी रहे, इसके लिए परिसर में बड़े व्हाइट बोर्ड लगाए गए हैं।

  • भागलपुर पॉलिटेक्निक कॉलेज राहत शिविर में शिक्षा विभाग ने शुरू कराया अस्थायी विद्यालय, बच्चों का जज्बा देख भावुक हुए अधिकारी

  • बच्चों ने डीईओ चंदन कुमार से मांगी कॉपी-किताब और कलम; डीईओ ने तुरंत पठन-पाठन सामग्री उपलब्ध कराने का दिया भरोसा

  • पहले ही दिन दोपहर तक 90 छात्र-छात्राओं का अस्थायी नामांकन, नियमित पढ़ाई के लिए व्हाइट बोर्ड और डेस्क की व्यवस्था

  • प्रधानाध्यापक, छह शिक्षक और एक शारीरिक शिक्षक समेत कुल 8 शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति; जिले के 5 शिविरों में चलेंगे स्कूल

विभाग ने पढ़ाई की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए एक प्रधानाध्यापक, छह विषयवार शिक्षक और एक शारीरिक शिक्षक (पीटीआई) समेत कुल आठ समर्पित शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति की है। शारीरिक शिक्षक बच्चों को सुबह प्रार्थना और खेलकूद के जरिए तनावमुक्त रखने का काम करेंगे।

Bhagalpur Flood Relief Camp Opens Temporary School for Kids (1)

5 राहत शिविरों में चलेंगे अस्थायी स्कूल, होगी नियमित मॉनिटरिंग

डीईओ चंदन कुमार ने बताया कि अमरी बिशनपुर, तारानगर, पुरानी सराय, दूधैला, मिर्जापुर और अभया जैसे गंभीर रूप से जलमग्न इलाकों से लोग विस्थापित होकर यहां पहुंचे हैं। बाढ़ के कारण इन गांवों के कई प्राथमिक और मध्य विद्यालय पानी में डूब चुके हैं, जिससे बच्चों की नियमित शिक्षा ठप पड़ गई थी।

उन्होंने बताया कि जिले में बाढ़ प्रभावितों के लिए संचालित प्रमुख राहत शिविरों में से पांच स्थानों पर इसी तरह के अस्थायी स्कूल शुरू किए जा रहे हैं। इन स्कूलों की दैनिक उपस्थिति और पढ़ाई की नियमित निगरानी जिला स्तर से की जाएगी, ताकि आपदा की घड़ी में भी किसी भी बच्चे की पढ़ाई का एक दिन भी व्यर्थ न जाए।