संवाद सहयोगी, भागलपुर। इस बार अनंत चतुर्दशी का व्रत 19 सितंबर रविवार को मनाया जाएगा। शहर में व्रत को लेकर चहल पहल बढ़ गई है। पूजा पाठ की दुकानों पर अनंत सूत्र दिखने लगे हैं। इस व्रत को सभी लोग श्रद्धा भक्ति से मनाते हैं।

बूढ़ानाथ मंदिर के आचार्य पंडित टून्नाजी ने बताया कि अनंत चतुर्दशी के दिन चार ग्रहों के योग की वजह से केदार नामक शुभ योग बन रहा है। इस दिन भगवान विष्णु की पूजा होती है। विष्णुपुराण के अनुसार अनंत सूत्र बांधने से सारी बाधाओं से मुक्ति मिलती है। अनंत सूत्र में 14 गांठें होती हैं। इसदिन विष्णु सहस्रनाम का पाठ विशेष पुण्यदायक हैं। पूजा स्थल पर भगवान विष्णु की मूर्ति या चित्र स्थापित कर पीले फूल, मिठाई चढ़ाकर दीप जलाएं। अनंत कथा सुन अनंत सूत्र को धारण करें।

इस दिन नारायण के अनंत स्वरूप की पूजा होती है। नारायण की विधि विधान से पूजा और उनका व्रत सभी तरह के संकटों से मुक्ति दिलाता है। मान्यता है कि इस दिन व्रत से अक्षय पुण्य यानी कभी खत्म न होने वाले पुण्य की प्राप्ति होती है। द्वापरयुग में जब पांडव जुए में अपना सब कुछ हारकर वन में भटक रहे थे तब भगवान श्रीकृष्ण ने उन्हें अनंत चतुर्दशी का व्रत रखने की सलाह दी थी।

दुर्गा पूजा की तैयारी शुरू 

भागलपुर में दुर्गा पूजा की तैयारी शुरू कर दी गई है। जगह-जगह पंडाल बनाए जा रहे हैं। मंद‍िरों में व‍िशेष तैयारी की जा रही है। उम्‍मीद है कि इस बार दुर्गा पूजा में कोरोना का प्रकोप नहीं रहेगा। बेहतर तरीकों से पूजा का आयोजन किया जाएगा। हालांकि जिला प्रशासन ने कोरोना गाइडलाइन का उल्‍लंघन करने से मना किया है। कहा है कि जो भी कार्यक्रम होंगे, कोरोना गाइडलाइन को पूरी तरह लागू किया जाए। शारीर‍िक दूरी अन‍िवार्य है। मास्‍क पहनें। दुर्गा प्रतिमाओं का न‍िर्माण हो रहा है। पंडाल बनाए जाने लगे हैं।    

Edited By: Dilip Kumar Shukla