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Jammu Kashmir Terror News सुन दहशत में पिता, बोला- मुंगेर जल्द लौट आए बेटा

Jammu Kashmir Terror News को सुनते ही वहां काम कर रहे पति अपने बच्चों भाई की सलामती की दुआएं की जा रही हैं। वहीं बिहार के मुंगेर जिले से भी कई प्रवासी कामगार जेके गए हैं। एक पिता से जब बात की तो उन्होंने कहा बस बेटा जल्द वापस लौट...

By Shivam BajpaiEdited By: Published: Mon, 18 Oct 2021 02:50 PM (IST)Updated: Mon, 18 Oct 2021 02:50 PM (IST)
Jammu Kashmir Terror News सुन दहशत में पिता, बोला- मुंगेर जल्द लौट आए बेटा
Jammu Kashmir Terror News: पुत्र की राह देख रहा मुंगेर में एक पिता....

संजीव कुमार, बरियारपुर (मुंगेर)। Jammu Kashmir Terror News: जम्मू-कश्मीर में बिहारी श्रमिकों की हत्या के बाद वहां रह रहे अन्य प्रवासी कामगारों के परिजनों में दहशत का माहौल है। वे कहने लगे हैं कि नमक-रोटी खाकर रह लेंगे, बस अब मेरे घर का चिराग वापस लौट आए। मुंगेर के बरियापुर प्रखंड स्थित नया छावनी गांव में भी सन्नाटा पसरा है। इस गांव का बेटा निशांत राज भी श्रीनगर में रहकर रोजगार कर रहा है। घर की हालत ठीक नहीं होने के कारण निशांत राज चार वर्ष पहले श्रीनगर गया था। वहां वह टेलरिंग का काम कर रहा है।

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जम्मू कश्मीर से आ रहीं टारगेट किलिंग (Jammu Kashmir Target Killing) की खबरें सुनकर निशांत के स्वजन बेटे काे घर लौटने का इंतजार कर रहे हैं। दो दिन पहले निशांत की घर पर बात हुई है, वह पूरी तरह सुरक्षित है, दिसंबर में वह घर पहुंचेगा। निशांत घर वापस भी लौटने के लिए फ्लाइट का टिकट भी बुक करा लिया है। निशांत के पिता घनश्याम तांती ने बताया कि अखबारों तथा टीवी के माध्यम से श्रीनगर के हालात के बारे में जानकारी मिली है। उन्होंने पुत्र को वापस अपने घर लौट आने को कहा है।

डरे सहमे हैं स्वजन, ईश्वर से कर रहे प्रार्थना

कश्मीर के हालात को देखते हुए उनके स्वजन काफी डरे सहमे हुए हैं। हर दिन भगवान से अपने पुत्र के कुशल क्षेम की प्रार्थना करते हैं। निशांत राज ने फोन पर बताया कि श्रीनगर के आसपास के जिलों में आतंकी बिहारी श्रमिकों की हत्या कर रहे हैं। जिस कारण यहां रहने वाले बिहारी श्रमिक दहशत में हैं। निशांत को श्रीनगर में हर माह 18 से 20 हजार की आमदनी होती है।

काम नहीं मिला, तो चला गया जम्मू-कश्मीर

निशांत ने बताया कि वह अपने घर पर भी रह कर टेलरिंग का काम कर सकता था, लेकिन यहां आमद काफी कम थी। काम भी नहीं था, ऐसे में दूर जाना पड़ा। निशांत ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्र में इस काम में ज्यादा मुनाफा नहीं होता है तथा घर की आर्थिक स्थिति भी काफी खराब थी। चार वर्षों से श्रीनगर में कर रहे हैं। वर्ष में एक बार घर जाते हैं। उन्होंने बताया कि जिस जगह वह रह रहा है वहां की स्थिति सामान्य है, लेकिन लोग दहशत में हैं। फ्लाइट की टिकट मिल जाती तो वह और पहले ही घर चला आता।

कुछ दिन पहले लौटा है सन्नी

कश्मीर में नयाछावनी गांव के स्व. अनिल तांती का पुत्र सन्नी कुमार कश्मीर के बिगड़ते हालात को देखकर कुछ दिन पहले ही जम्मू-कश्मीर से घर वापस लौटा है। सन्नी ने बताया कि घटना के बाद दहशत है। बिहार के लोग जिस जगह काम करते हैं वे कम ही घरों से बाहर निकलते हैं। मजदूर भय से पलायन कर रहे हैं। दो सप्ताह पहले हुए हत्या की घटना के बाद सन्नी टेलरिंग का काम छोड़कर घर चला आया। अब वहां से जो पूंजी बचाकर लाने हैं उससे अब अपने ही गांव या शहर में काम शुरू करने की तैयारी कर रहा है।


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