फोटो- 18 बीएएन 13

संवाद सूत्र, बौंसी (बांका) : आदिवासी बहुल सरुआ पंचायत के आमगाछी सहित आधा दर्जन गांव में हर घर जल नल योजना ठप हो गया है। कनीय अभियंता दिनेश कुमार का इस ओर कतई ध्यान नहीं है। वे यहां संवेदक के साथ दबंगई के लिए मशहूर हैं। आमगाछी वाटर टावर का पिछले तीन महीना पहले सबमर्सिबल ठीक कराने ले गया। आजतक ठीक नहीं हो पाया है। आदिवासी मोहल्ला ऊंचा स्थान पर रहने से पानी उनके घरों तक कभी नहीं पहुंच पाया है। गांव के कुमोद यादव, परमानंद यादव, अवधेश कुमार, हेमंत कुमार ने बताया कि हर घर जल नल बंद रहने से यहां पानी का घोर अभाव है। सांझोतरी गांव में मुख्य सड़क तुरायबरन काली मंदिर के सामने वाटर टावर खड़ा किया गया है। जिससे मात्र 30-35 घरों में ही पानी का सप्लाई किया गया है। जबकि सांझोतरी के आदिवासी गांव के डेढ़ सौ लोगों के घरों में पाइपलाइन नहीं जा सका है। ग्रामीण पाबो देवी, अनीता सोरेन, सूरज बास्की, रामविलास, राधे राय सहित वार्ड सदस्य अशोक कुमार ने बताया इस गांव में पाइप लाइन आज तक नहीं बिछ पाया है। पेयजल संकट बना हुआ है। आदिवासी गंगटी गांव के तकरीबन सौ परिवार को हर घर जल नल का लाभ नहीं मिल रहा है। एवीएन के कृष्णा कुमार और पीएचईडी कार्यपालक अभियंता राजीव रंजन ने बताया कि 13 सौ फीट तक का ही स्टेमेट था। आगे सांझोतरी और गंगटी गांव के लिए वेरिएशन रिपोर्ट भेजी गई है। एक अलग नया वाटर टावर एस्टीमेट की स्वीकृति होनी है। आमगाछी में बोरिग धंस गया है। जल्द ही बोरिग करा कर चालू कर दिया जाएगा।

Edited By: Jagran