अररिया। भूकंप का झटका बुधवार की सुबह 10:22 बजे महसूस करते ही पूरे जिले में अफरातफरी मच गई। फारबिसगंज रेलवे स्टेशन पर यात्रियों में अफरातफरी मच गई। यात्री दहशत में इधर से उधर भागते दिखे। यात्री अपने अपने सामान को छोड़ स्टेशन से बाहर खुले आसमान के नीचे आकर जमा होते हो गए। वहीं डीएम हिमांशु शर्मा पूरे जिले का हालचाल जानने के बाद भारी राहत महसूस किए। उन्होंने कहा कि भूकंप के समय वे अपने कार्यालय कक्ष में मौजूद थे। जबतक भूकंप को महसूस करते, तबतक सब सामान्य हो गया। फारबिसगंज :भूकंप के झटके से रेलवे स्टेशन पर अफराफरी का माहौल दिखा। यात्री दहशत में इधर से उधर भागते दिखे। कुछ यात्री तो अपना छोड़ स्टेशन से बाहर खुले आसमान के नीचे शरण लेने के लिए दौड़ पड़े। इधर भूकंप के झटके के बाद ट्रेन का परिचालन भी लगभग आधे घंटे से अधिक समय तक बाधित रहा। स्टेशन परिसर स्थित कंट्रोल रुम में स्टेशन प्रबंधक हेमंत कुमार झा एवं स्टेशन मास्टर मनीष कुमार यादव सहित अन्य कर्मी नजदीकी रेलवे स्टेशन से पल-पल की जानकारी लेते रहे। जोगबनी से कटिहार जाने वाली 75754 डाउन सवारी गाड़ी अपने निर्धारित समय 10 बजकर 22 मिनट से 35 मिनट विलंब में 11 बजकर 5 मिनट में फारबिसगंज रेलवे स्टेशन पहुंची। मामले में पूछे जाने पहुंचे स्टेशन प्रबंधक झा ने बताया कि भूकंप के झटके के बाद एहतियात के तौर पर उक्त सवारी गाड़ी को लगभग 35 मिनट रोका गया। उन्होंने बताया कि सीनियर सेक्शन इंजीनियर पीवे फारबिसगंज से ट्रैक फिटनेस मिलने के बाद ट्रेन का सामान्य परिचालन सुनिश्चित किया गया ताकि कोई परेशानी नहीं हो। गौरतलब है कि भुकंप के झटके किसी ने जाना और कई अंजान बना रहा।

फुलकाहा : पक्के मकानों में रह रहे लोग घर से निकल कर बाहर की तरफ दौड़ पड़े । लोगों ने बताया कि यह भूकंप 20 सेकेंड तक रहा। भूकंप के झटके से फुलकाहा बाजार में खरीदारी करने आए मोतीटप्पू निवासी 65 वर्षीय टूराय मंडल चक्कर खाकर गिर पड़े। ग्रामीणों के द्वारा उसके चेहरे पर पानी का छींटा मारने के बाद उनकी बेहोशी टूटी। सारे दिन लोगों की जुबान पर यही भूकंप की चर्चा होती रही ।

रेणुग्राम : भूकंप के दौरान लोग घरों से निकल कर दरवाजे व सड़क पर आ गए थे। लोगों में कुछ देर के लिए अफरातफरी मच गई।

-अदालत परिसर में हड़कंप अररिया : अदालत खुलने के साथ ही बुधवार को अचानक भूकंप के झटके ने कोर्ट परिसर में मौजूद लोगों को झकझोर कर रख दिया। सबकुछ सामान्य रहने पर लोगों ने राहत की सांस ली। सिकटी संसू के अनुसार भारत -नेपाल सीमा के सीमावर्ती प्रखंड कुर्साकांटा तथा सिकटी में जान -माल के नुकसान की कोई सूचना नहीं है । प्रखंड के लोगों ने भूकंप के आंशिक झटके महसूस किया। भूकंप के झटके से लोगों में भय समा गया है। आपस में बात करते लोगों से सुना गया कि फिर से पुरानी कहानी न दोहरा दी जाय । भूकंप आते ही लोग सावधानी बरतते हुए घरों से बाहर आ गए थे।

Posted By: Jagran