सिंह साप्ताहिक राशिफल: करियर में मिलेगा बड़ा मौका, लेकिन इन बातों का रखें खास ध्यान!
यह सप्ताह काम में अपनी पहचान बनाने का रहने वाला है, उसके बाद आपका ध्यान खुद के आराम और भीतरी ...और पढ़ें

सिंह राशि का साप्ताहिक राशिफल 28 सितंबर से 4 अक्टूबर 2026
आनंद सागर पाठक, एस्ट्रोपत्री। हफ्ते की शुरुआत में चंद्रदेव नौवें भाव में रहकर आपको गुरु और मेंटर्स से मार्गदर्शन दिला सकते हैं। शुरुआत में दफ्तर में आपका काम नोटिस हो सकता है, सीनियर्स से बहस से बचें। हफ्ते के बीच में टीमवर्क और नेटवर्किंग से फायदा मिलेगा।
किसी ईमेल, प्रपोजल या अग्रीमेंट पर साइन करने से पहले उसे ध्यान से पढ़ें। भाई-बहन या करीबी दोस्त से जुड़ी कोई पुरानी बात भी सामने आ सकती है, बिना जरूरत उसे न छेड़ें। हफ्ते के अंत में थकान महसूस हो तो आराम को प्राथमिकता दें।
सिंह साप्ताहिक स्वास्थ्य राशिफल
सेहत के लिहाज से 4 अक्टूबर को जब चंद्रदेव बारहवें भाव में पहुंचेंगे, जहां मंगलदेव नीच के हैं, तब मानसिक थकान, अधूरी नींद या अंदर ही अंदर की झुंझलाहट महसूस हो सकती है। बृहस्पतिदेव उसी भाव में उच्च के होकर सहयोग भी दे रहे हैं, बस खुद को पर्याप्त शांत समय जरूर दें।
देर रात तक जागने और ज्यादा स्क्रीन टाइम से बचें। शाम को हल्का रूटीन, हल्की एक्सरसाइज और पर्याप्त नींद आपकी ऊर्जा वापस लाने में मदद करेगी।
सिंह साप्ताहिक परिवार और रिश्ते राशिफल
शुक्रदेव के 3 अक्टूबर को तीसरे भाव में वक्री होते ही भाई-बहन या करीबी दोस्त से जुड़ी कोई पुरानी बातचीत या अनसुलझा मुद्दा फिर से सामने आ सकता है। रोमांटिक रिश्तों में पार्टनर की सोच के बारे में अंदाजा लगाने से बचें।
राहुदेव सातवें भाव में मौजूद हैं, जो कभी-कभी बातचीत में भ्रम पैदा कर सकते हैं। किसी भी विषय पर सीधे और साफ बात करें, और बातचीत को पूरा समय दें, जल्दबाजी में निष्कर्ष न निकालें।
सिंह साप्ताहिक शिक्षा राशिफल
विद्यार्थियों के लिए 28 सितंबर को चंद्रदेव के नौवें भाव में होने से टीचर या मेंटर से मार्गदर्शन मिल सकता है। 2 अक्टूबर से चंद्रदेव के ग्यारहवें भाव में आते ही ग्रुप स्टडी फायदेमंद साबित होगी, जैसे किसी दोस्त के साथ मिलकर मुश्किल विषय समझना।
शुक्रदेव के वक्री होने से यह संकेत मिलता है कि नोट्स को ध्यान से दोबारा पढ़ें और सबमिट करने से पहले अपना लिखा काम एक बार फिर से चेक कर लें।
निष्कर्ष
यह हफ्ता पेशेवर मौके देगा, साथ ही आराम की भी याद दिलाएगा। चंद्रदेव के दसवें और ग्यारहवें भाव में जाने से करियर के मामले सुधरेंगे। शुक्रदेव के वक्री होने से बातचीत में सावधानी जरूरी है। हफ्ते के अंत तक बारहवें भाव के असर से आराम, चिंतन और आगे की तैयारी पर ज्यादा ध्यान देना बेहतर रहेगा।
उपाय
रोज सुबह सूर्यदेव को जल चढ़ाएं और अनुशासित दिनचर्या बनाए रखें।
देर रात तक जागने और गरमागरम बहस से बचें।
शनिवार को काले तिल दान करें या किसी जरूरतमंद की मदद करें।
शुक्रदेव के वक्री होने के बाद शब्द सोच-समझकर चुनें और पुरानी बहस दोबारा न छेड़ें।
किसी भी जरूरी दस्तावेज पर साइन करने से पहले एक बार शांति से पढ़ें।
लेखक: श्री आनंद सागर पाठक (astropatri.com), फीडबैक के लिए लिखें: hello@astropatri.com
