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संतों ने रोपे पौधे, संरक्ष का संकल्प

Publish Date:Mon, 17 Jul 2017 07:01 PM (IST) | Updated Date:Mon, 17 Jul 2017 07:01 PM (IST)
संतों ने रोपे पौधे, संरक्ष का संकल्पसंतों ने रोपे पौधे, संरक्ष का संकल्प
जासं, वृंदावन (मथुरा): दैनिक जागरण के हरित वृंदावन अभियान की तैयारियां सोमवार को गति पकड़ती दिखाई दीं

जासं, वृंदावन (मथुरा): दैनिक जागरण के हरित वृंदावन अभियान की तैयारियां सोमवार को गति पकड़ती दिखाई दीं। परिक्रमा मार्ग के साथ वृंदावन शोध संस्थान, गिरिराज नगर समेत अनेक स्थानों पर पौधरोपित करने के लिए गड्ढे करने और उनमें खाद डाले जाने का सिलसिला शुरू हुआ। पौधरोपित करने की तैयारी में टीम हरित वृंदावन जुट चुकी है। कैमारवन स्थित कलाधारी बगीची में संतों ने प्रतीक रूप में पौधरोपित कर इसके संरक्षण का संकल्प भी लिया।

कैमारवन क्षेत्र स्थित कलाधारी बगीची में पौधरोपित करते हुए महंत बाबा जयराम दास ने कहा कि प्राचीनकाल के बाग-बगीचे आज विलुप्त होते जा रहे हैं, जिसके चलते वृंदावन का वास्तविक स्वरूप भी नष्ट हो रहा है। वृंदावन में वन-उपवनों का कटान, कुंज निकुंजों का उल्लेख प्राचीन पांडुलिपियों में जिस प्रकार से होता है आज इस प्रकार की कुंज निकुंजों का दर्शन ही नहीं होता। अगर, समय रहते हम जागरूक न हुए तो जितनी हरियाली अब भी वृंदावन में बची है, आने वाले कुछ सालों में वह भी दिखाई नहीं देगी। ऐसे में देश दुनिया से आने वाले श्रद्धालुओं को हम किस वृंदावन का दर्शन करवाएंगे और आने वाली ब्रजवासियों की पीढ़ी को भी कैसे मूल वृंदावन का निवासी बता सकेंगे। आज हरित वृंदावन अभियान की सालों साल जरूरत है। ये अभियान एकबार पौधरोपण के साथ खत्म नहीं होना चाहिए। ये सालों साल जब तक कि वृंदावन पूरी तरह से हराभरा न हो जाए तब तक चलते रहना चाहिए। इस अवसर पर आचार्य अतुलकृष्ण गोस्वामी, बिहारीलाल वशिष्ठ, अनिल शर्मा, मुकेश ठाकुर, हरीश शर्मा, देवेंद्र चौधरी, मौनू पंडित, सचिन गोला, मौनू सैनी, गो¨वद ठाकुर मौजूद थे।

इनका कहना है

-आचार्य अतुलकृष्ण गोस्वामी ने कहा कि ठा. बांकेबिहारीजी का प्राकट्य भी स्वामी हरिदास ने घनी वृक्षावलियों के बीच निधिवन राज मंदिर में किया था। आज भी निधिवन राज मंदिर में मूल वृंदावन का दर्शन है। जबकि वह दर्शन उस काल में पूरे वृंदावन में होता था।

-बिहारीलाल वशिष्ठ ने कहा कि पांच सौ साल पहले पूरा वृंदावन घनी हरियाली से आच्छादित था। संतों को फिर से वृंदावन को हरियालीयुक्त करने के लिए आगे आना होगा।

-पंडित अनिल शर्मा ने कहा कि वृंदावन ही नहीं पूरे ब्रजमंडल में हरित जागरण अभियान की शुरूआत होनी चाहिए। वृक्षारोपण के लिए वे भी हर तरह की मदद को तैयार हैं।

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    Web Title:(Hindi news from Dainik Jagran, newsnational Desk)

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