PreviousNext

कदम थिरके तो देखती रह गई ब्रज भूमि

Publish Date:Fri, 13 Sep 2013 11:57 PM (IST) | Updated Date:Fri, 13 Sep 2013 11:58 PM (IST)
कदम थिरके तो देखती रह गई ब्रज भूमि

जागरण संवाददाता, मथुरा, वृंदावन: राधा-कृष्ण की नगरी में कला प्रेमियों की साधना। कान्हा की नगरी में भगवान राम की लीला से जुड़े भावों में जैसे वह अवतरित हो गए हों। तुलसीदास की रचना और पदों पर कथक नृत्य में ऐसा ही एथा। कलाकारों का उत्कृष्ट प्रदर्शन देख राज्यपाल बीएल जोशी भी गदगद हो गए। उन्होंने हार्दिक समर्पण कर स्वामी हरिदासजी को भावांजलि दी। उन्होंने कहा कि अगले वर्ष आयोजन के समय मुझे याद रखिएगा।

राज्यपाल बीएल जोशी ने अपने संबोधन में कहा कि उन्होंने पहली बार ऐसा रसपूर्ण कार्यक्रम देखा है। उन्होंने स्वामी हरिदासजी के स्मरण में रामस्वरूप पंडाल में आयोजित महोत्सव को उम्मीद से अधिक उम्दा बताया। पूरा समय न दे पाने के लिए अफसोस जताया। राज्यपाल ने अगले वर्ष पूरा समय देने का वादा किया। इससे पूर्व राज्यपाल ने स्वामी हरिदास की छवि के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर समारोह का शुभारंभ किया। राज्यपाल बीएल जोशी स्व.कन्हाई चित्रकार के छटीकरा रोड स्थित आवास पर भी पहुंचे। स्व.कन्हाई से जुड़े स्मरणों को परिजनों के साझा किया। इसके बाद राज्यपाल बांकेबिहारी मंदिर में दर्शन करने पहुंचे।

इस अवसर पर कांग्रेस विधानमंडल दल के नेता प्रदीप माथुर, चेयरमैन मुकेश गौतम, आयोजन समिति के सचिव आचार्य गोपी गोस्वामी, डीएम विशाल चौहान, एसएसपी गुलाब सिंह, सीओ सदर अतुल श्रीवास्तव, कार्यक्रम संचालिका सुनीता बुद्धिराजा तथा साधु-संत व गणमान्य लोग मौजूद रहे।

चौकन्नी रही पुलिस

वृंदावन। राज्यपाल के आगमन के चलते शुक्रवार को पुलिस चौकन्नी रही। पुलिस के आला अफसर बांकेबिहारी मंदिर, रामस्वरूप के पंडाल और परिक्रमा मार्ग के चक्कर लगाती रही।

आने और जाने के समय ट्रैफिक बंद रहा

वृंदावन। राज्यपाल बीएल जोशी के आगमन और प्रस्थान करने के समय परिक्रमा मार्ग और छटीकरा मार्ग पर ट्रैफिक को बंद कर दिया गया। इससे लोगों को असुविधा का सामना करना पड़ा।

मोबाइल पर ताजा खबरें, फोटो, वीडियो व लाइव स्कोर देखने के लिए जाएं m.jagran.com पर

मोबाइल पर भी अपनी पसंदीदा खबरें और मैच के Live स्कोर पाने के लिए जाएं m.jagran.com पर
    Web Title:(Hindi news from Dainik Jagran, newsnational Desk)

    कमेंट करें

    पोलियो दवा से छूट न जाए कोई बच्चासोच लें, ओम चाहिए या रोम
    यह भी देखें

    संबंधित ख़बरें