PreviousNext

शरद यादव-अली अनवर को राज्यसभा ने भेजा नोटिस

Publish Date:Tue, 12 Sep 2017 09:36 PM (IST) | Updated Date:Tue, 12 Sep 2017 09:36 PM (IST)
शरद यादव-अली अनवर को राज्यसभा ने भेजा नोटिसशरद यादव-अली अनवर को राज्यसभा ने भेजा नोटिस
जदयू के नीतीश खेमे की सदस्यता रद्द करने की याचिका पर अपना पक्ष हफ्ते भर में देने को कहा...

जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। नीतीश कुमार और शरद यादव के बीच जनतादल यूनाटेड पर दावे की लड़ाई में राज्यसभा सचिवालय के नोटिस से दिलचस्प मोड़ आ गया है। राज्यसभा सचिवालय ने शरद यादव के साथ नीतीश से बगावत करने वाले दूसरे सांसद अली अनवर को सदस्यता रद्द नहीं किये जाने को लेकर अपना पक्ष रखने को कहा है। शरद और अनवर को इसके लिए एक सप्ताह का समय दिया गया है।

राज्यसभा सचिवालय ने इन दोनों सांसदों को जदयू के नीतीश खेमे की ओर से इनकी सदस्यता रद्द करने की दी गई याचिका के मद्देनजर अपना पक्ष रखने के लिए दोनों को नोटिस जारी किया है। मालूम हो कि जदयू के राज्यसभा में नेता आरसीपी सिंह और महासचिव संजय झा ने पिछले हफ्ते पार्टी की ओर से सभापति वेंकैया नायडू से मुलाकात कर शरद और अली अनवर की सदस्यता रद्द करने की मांग करते हुए यह याचिका उन्हें सौंपी थी। जदयू ने राजद की पटना रैली में शरद के शामिल होने को पार्टी के फैसले के खिलाफ बताते हुए दल बदल कानून के तहत उनकी और अनवर की राज्यसभा सदस्यता रद्द करने की मांग की है। जदयू का यह भी कहना है कि चुनाव आयोग में पार्टी सिंबल के लिए शरद का दावा करना भी अनुचित ही नहीं जनप्रतिनिधत्व कानून का उल्लंघन है। पार्टी ने अपने दावे के समर्थन में सभापति को शरद और अनवर के खिलाफ अपने हिसाब से सबूत भी सौंपे हैं।

जबकि शरद यादव खेमे का साफ मानना है कि नीतीश गुट का पार्टी के फैसले के खिलाफ जाने का दावा गलत है। उनके अनुसार नीतीश ने भाजपा से अचानक हाथ मिलाने से पहले पार्टी की राष्ट्रीय कार्यकारिणी और राष्ट्रीय परिषद की राय नहीं ली। इसके विपरीत जदयू की राष्ट्रीय परिषद की पिछली बैठक में संघ और भाजपा मुक्त सियासत की दिशा में सेक्यूलर दलों के साथ मिलकर काम करने का प्रस्ताव पारित किया था। शरद इसका हवाला देकर खुद इसको लेकर ताल ठोक चुके हैं कि दल बदल कानून का उन्होंने कोई उल्लंघन नहीं किया है। राजद की रैली में उनका जाना परिषद की बैठक में लिये गए फैसले के अनुरुप है। बहरहाल दोनों खेमों के दावे-प्रतिदावे के बीच राज्यसभा सचिवालय शरद यादव और अली अनवर का जवाब मिलने के बाद सदस्यता रद्द करने के विवाद पर आगे की दशा-दिशा तय करेगा।

नोटिस पर शरद ने प्रतिक्रिया जताते हुए कहा कि उनका हर जवाब सिब्बल की ओर से मिलेगा। हां, जनता के बीच वह जरूर बोलते रहेंगे। बिहार में 25 सितंबर से उनका चार दिवसीय जन संवाद कार्यक्रम होगा। वहीं बुधवार को जयपुर में साधी विरासत का सम्मेलन होगा।

यह भी पढ़ेंः राहुल गांधी ने बताया, क्‍यों 2014 में सत्‍ता से बेदखल हुई कांग्रेस

मोबाइल पर भी अपनी पसंदीदा खबरें और मैच के Live स्कोर पाने के लिए जाएं m.jagran.com पर
Web Title:Rajya Sabha notice to Sharad Yadav and Ali Anwar(Hindi news from Dainik Jagran, newsnational Desk)

कमेंट करें

केन्द्रीय कर्मचारियों का बढ़ा डीएपैसे व सामग्री की कमी से अटकीं यूपी की कई सड़क परियोजनाएं