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उचित कदम

Publish Date:Tue, 21 Mar 2017 02:43 AM (IST) | Updated Date:Tue, 21 Mar 2017 02:47 AM (IST)
उचित कदमउचित कदम
बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों की अनावश्यक तैनाती के कारण सार्वजनिक स्थलों व आम जनता की सुरक्षा के साथ समझौता करना पड़ता है।

बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों की अनावश्यक तैनाती के कारण सार्वजनिक स्थलों व आम जनता की सुरक्षा के साथ समझौता करना पड़ता है। कानून - व्यवस्था बिगडऩे का एक कारण यह भी हो सकता है।

पंजाब की नई सरकार ने अनावश्यक रूप से सुरक्षा में तैनात किए गए पुलिस कर्मियों की समीक्षा का निर्णय कर उचित कदम उठाया है। यह बात किसी से छिपी नहीं है कि प्रदेश में बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी ऐसी जगह और ऐसे लोगों की सुरक्षा में तैनात हैं, जहां उनकी आवश्यकता नहीं है। इसकी कीमत आम जनता को चुकानी पड़ रही है क्योंकि बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों की अनावश्यक तैनाती के कारण सार्वजनिक स्थलों व आम जनता की सुरक्षा के साथ कहीं न कहीं समझौता करना पड़ता है। प्रदेश में कानून - व्यवस्था बिगडऩे का एक बड़ा कारण यह भी हो सकता है। पुलिस विभाग में पहले से ही बड़ी संख्या में पद रिक्त हैं। इसके अतिरिक्त बड़ी संख्या में पुलिस बल नेताओं, महत्वपूर्ण व्यक्तियों आदि की सुरक्षा में तैनात है। आए दिन कभी किसी रैली, कभी धरने, कभी किसी अन्य आयोजनों की सुरक्षा के लिए भी पुलिस बल की तैनाती आम जनता की सुरक्षा से समझौता करके की जाती है। यह अच्छी बात है कि पुलिस की ओर से विभिन्न लोगों को मुहैया कराई गई सुरक्षा की समीक्षा के लिए पहले ही राज्यस्तरीय समीक्षा कमेटी गठित कर दी गई है। इस कमेटी को संवैधानिक पदों वाले, सार्वजनिक पदाधिकारियों, अधिकारियों व निजी लोगों को उपलब्ध करवाई गई सुरक्षा की समीक्षा का कार्य सौंप दिया गया है। सरकार ने एक अन्य महत्वपूर्ण निर्णय पुलिस कर्मियों का ड्यूटी का समय तय करने को लेकर किया है। यह सर्वविदित है कि वास्तविकता में पुलिस कर्मियों की ड्यूटी का कोई निर्धारित समय नहीं होता है। इस कारण अक्सर उन्हें लगातार ड्यूटी निभानी पड़ती है। यह तो कदाचित प्रकृति के भी खिलाफ है। किसी के लिए भी लगातार बिना आराम किए ड्यूटी करना कष्टप्रद है और इससे अक्सर व्यक्ति का व्यवहार परिवर्तित हो जाता है और कार्यक्षमता पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। इसलिए यह आवश्यक है कि पुलिसकर्मियों की ड्यूटी का समय व्यवस्थित किया जाए। मुख्यमंत्री ने किसी कार्य में नाकामी के लिए वरिष्ठ अधिकारियों की जिम्मेदारी तय करने की बात भी की है। निस्संदेह यह सर्वाधिक आवश्यक है। जवाबदेह तय होने से निस्संदेह अधिकारी अपनी जिम्मेदारियों के प्रति और गंभीरता बरतेंगे और इसका लाभ प्रदेश व आम जनता को मिलेगा।

[ स्थानीय संपादकीय : पंजाब ]

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Web Title:Proper steps(Hindi news from Dainik Jagran, newsnational Desk)

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