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अतिक्रमण से खेल मैदान का मिटा वजूद

Publish Date:Wed, 29 Jul 2015 08:04 PM (IST) | Updated Date:Wed, 29 Jul 2015 08:04 PM (IST)
अतिक्रमण से खेल मैदान का मिटा वजूद
रोहतास। शहर के खेल मैदान में अतिक्रमण व पुलिस के कब्जे से खिलाड़ी मायूस है। नगर थाने के पीछे 20 एकड़ भ

रोहतास। शहर के खेल मैदान में अतिक्रमण व पुलिस के कब्जे से खिलाड़ी मायूस है। नगर थाने के पीछे 20 एकड़ भूमि में फैला पड़ाव मैदान कई खिलाड़ियों को रोजगार का अवसर प्रदान किया है। खिलाड़ी गुड्डू को रिजर्व बैंक में, दिलाई प्रसाद, टेक बहादुर व समशुल हक, विद्युत विभाग में, गोपी थापा ने पुलिस टीम में योगदान कर रोजगार पाया। परंतु आज पड़ाव मैदान अपनी बदहाली पर सिसक रहा है। अतिक्रमण की मची होड़ के कारण थोड़ी सी बारिश में भी मैदान में जल जमाव हो जाता है। जिस कारण मैदान अब खेलने लायक नहीं रहा। हाल ही क्षेत्रीय सांसद व केंद्रीय मानव संसाधन विकास राज्यमंत्री उपेंद्र कुशवाहा ने रक्षा मंत्री को पत्र लिख पड़ाव मैदान में स्टेडियम निर्माण हेतु स्वीकृति दिलाने की मांग की थी। ताकि मैदान अतिक्रमण मुक्त हो सके व यहां की कुंठित हो रही खेल प्रतिभाएं नियमित अभ्यास कर सके। पड़ाव मैदान रक्षा संपदा विभाग दानापुर के अधीन है।

वहीं अंसारी भवन के पास का मैदान पुलिस विभाग के कब्जे में है। पत्थर लदे जब्त वाहनों से खेल मैदान का भी अतिक्रमण के कारण अस्तित्व ही खत्म हो गया। आईटीआई के सामने खेल मैदान में पुलिस ने अवैध कोयला लदे जब्त वाहनों को लगा रखा है। खेल प्रेमियों ने प्रशासन से पड़ाव मैदान को अतिक्रमण मुक्त कराने की गुहार लगाई है।

कहते हैं खेल प्रेमी :

* विद्युत टीम के खिलाड़ी रहे समशुल हक उर्फ बुद्धन कहते हैं कि जिस पड़ाव मैदान में दर्जनों खिलाड़ियों को रोजगार के अवसर दिए वह खुद बदहाल हो गया है। प्रशासन को मैदान शीघ्र अतिक्रमण मुक्त कराना चाहिए।

* विक्की सिंह कहते हैं कि प्रशासन से पड़ाव मैदान समेत अन्य खेल मैदान को अतिक्रमण मुक्त कराने की मांग की गई है। मैदान अतिक्रमण मुक्त नहीं होने पर खेल प्रेमी सड़क पर उतरने को बाध्य होंगे।

* पिंटू कुमार कहते हैं कि जन प्रतिनिधियों की उपेक्षा के कारण फुटबाल का कोई मैदान शहर में नहीं रह गया। प्रशासन द्वारा आश्वासन के बावजूद अब तक पड़ाव मैदान को अतिक्रमण मुक्त नहीं कराया गया। प्रशासन पड़ाव मैदान शीघ्र अतिक्रमण मुक्त कराएं।

* टिपू खान का कहना है कि क्रिकेट के लिए उपयुक्त अंसारी भवन मैदान व आईटीआई मैदान पर पुलिस विभाग ने कब्जा कर रखा है। शीघ्र दोनों मैदान को खाली करना चाहिए, ताकि क्रिकेट हेतु खेल मैदान उपलब्ध हो सके।

* मोनू कुमार ने कहा कि शहर के खिलाड़ियों के साथ प्रशासन खेल करना बंद करे। प्रशासन शीघ्र पड़ाव मैदान को अतिक्रमण व जल जमाव से मुक्त कराए ताकि खेल मैदान खिलाड़ियों को उपलब्ध हो सके।

कहते हैं अधिकारी : एसडीएम कमलेश सिंह ने कहा कि सीओ को खेल मैदान को अतिक्रमण मुक्त कराने का निर्देश दिया गया है।

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    Web Title:(Hindi news from Dainik Jagran, newsnational Desk)

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